भारत की परमाणु क्षमता कितनी है?
रिपोर्ट के अनुसार अमेरिका, रूस, चीन, भारत और पाकिस्तान समेत सभी परमाणु शक्ति संबंधी अपने हथियार और सिस्टम को तेजी से अपग्रेड कर रहे हैं। अमेरिका और रूस के पास दुनिया के ऐतिहासिक 86 % परमाणु हथियार है तो चीन परमाणु भंडार भी 600 से बढ़कर 620 तक पहुंच गया है। एक रिपोर्ट में भारत की परमाणु शक्ति के बारे में विस्तार से बताया गया है, इसमें अनुमान लगाया गया है कि 2026 की शुरुआत तक भारत के परमाणु भंडार में लग गए हथियार शामिल हो चुके हैं। भारत लंबी दूरी के ऐसे हथियार निर्माण पर फोकस बढ़ा रहा है जिससे उसकी पहुंच चीन के अंतिम छोर तक हो सकें। भारत एक साथ चीन और पाकिस्तान दोनों मोर्चों पर संतुलित रणनीतिक क्षमता बनाए रखने का प्रयास कर रहा है। नए परमाणु डिलीवरी सिस्टम पर भी भारत काम कर रहा है जिसके जरिए एक ही बैलिस्टिक मिसाइल कई परमाणु हथियार लेकर जा सकते हैं और अलग-अलग लक्ष्य को निशाना बना सकते हैं। ऑपरेशन सिंदूर के बाद भारत ने तेजी से अपनी क्षमता बढ़ाई है और 2026 में पहली बार 12 परमाणु हथियार मोर्चे पर तैनात किया जबकि 2025 में भारत ने एक भी परमाणु हथियार तैनात नहीं किया था। इसके अलावा समुद्र में भी भारत की परमाणु ताकत बढ़ी है और यह अब सीमित संख्या में परमाणु हथियार की शांति काल में भी बैलिस्टिक मिसाइल पनडुब्बी पर तैनात करने के लिए तैयार है। पाकिस्तान के परमाणु हथियार में भी में भी वृद्धि हुई है। उसके पास अब 170 परमाणु हथियार हैं।