ई-कचरे से धातु निकलने पर शोध को मिला ग्रांट
रांची में बीआईटी मेसरा को भारत सरकार के अनुसंधान राष्ट्रीय अनुसंधान फाउंडेशन की ओर से अत्यंत प्रतिष्ठित और प्रतिस्पर्धी कोर रिसर्च ग्रांट प्रदान किया गया है। संस्थान को यह अनुदान इलेक्ट्रॉनिक कचरे के सुरक्षित निपटा और उससे कीमती धातु जैसे चांदी और तांबा की पुणः प्राप्ति के बयोलीचिंग प्रक्रिया परिपत्र अर्थव्यवस्था की दिशा में एक कदम ‘शीर्षक वाले शोध’ परियोजना के लिए दिया गया है।
परियोजना का उद्देश्य
- इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों से तांबा और चांदी जैसे कीमती धातुओं को निकालने की प्रक्रिया में क्रांतिकारी बदलाव लाना है
- पर्यावरण को नुकसान पहुंचा बिना धातु को पुनः उपयोग किया जा सके
- जहरीले कचरे का निपटान कर धरती और जल को स्वच्छ रखना
- हरित प्रौद्योगिकी और सर्कुलर इकोनामी में भारत की आत्मनिर्भरता को उभारना
- शोध का नेतृत्व प्रधान डॉक्टर मुथु कुमार संपथ सह- प्रधान प्रोफेसर वी के निगम और प्रमुख शोधार्थी बनही हालदार है।